पानी बचाने के लिए ग्रामीण हुए एकजुट,विश्व जल दिवस पर आयोजन

डिंडोरी। वनांचल में अजगर गांव में विश्व जल दिवस का आयोजन वाटर एड संस्था के द्वारा किया गया चूंकि विश्व जल दिवस 22 मार्च को मनाया जाता है लेकिन आगामी समय में लोकसभा की आचार संहिता की संभावना को देखते हुए गुरुवार को कार्यक्रम का आयोजन किया गया कार्यक्रम के समन्वयक बलवंत राहंगडाले ने बताया कि वाश संस्था के माध्यम से क्षेत्र के 7 गांव में वास सेचुरेटेड गांव बन चुके हैं यानी 7 गांव में शुद्ध पेयजल की उपलब्धता है।
अजगर गांव का चयन ही क्यों
बलवंत राहंगडाले ने बताया कि अजगर गांव में आयोजन का मुख्य उद्देश्य यह है कि इस गांव में पहले पानी की बहुत समस्या थी और दिन भर ग्रामीण पानी की जद्दोजहद में लगे रहते थे महिलाएं सर पर पानी के बर्तन रखकर कई किलोमीटर दूर से पानी लाती थी लेकिन गांव में अमृत सरोवर बनने के बाद स्थितियां बदल गई यहां पर सरोवर के बाजू में वाश संस्था द्वारा एक कुआं बनाया गया जिसमे शुद्ध पेयजल आने लगा यहां से गांव के हर घर में पानी की सप्लाई 24 घंटे होने लगी वाश समन्वयक बलवंत राहंगडाले ने घर घर पानी का कनेक्शन कराया और अब पूरे गांव में पानी मिलने लगा जिसके बाद हर घर शौचालय बनाया गया जिसका उपयोग पूरा गांव कर रहा है। देश में हुए इस अनूठे प्रयोग को सराहा गया और राष्ट्रीय स्तर पर वाटर डाइजेस्ट पुरुस्कार से सम्मानित किया गया।।
पानी बचाने की दिखी उत्सुकता
अजगर गांव में सफल प्रयोग के साथ ही कथरिया, शेराझर, पोंडी, कन्हारी, शैलाटोला, कपोती और खपरीपानी भी वाटर सेचुरेटेड हो चुके हैं वाश के प्रयासों से अब अन्य गांव भी पानी बचाने के लिए उत्सुक हैं और ग्रामीणों ने पानी बचाने की मुहिम को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में पद्मश्री अर्जुन सिंह, सरपंच सुक्कल सिंह, सरपंच रामकुमार बिंधिया, रमलू सिंह का आतिथ्य रहा।