पुलिस वाहन में की तोड़फोड़, पुलिस से की झूमा झपटी

डिंडोरी। कोतवाली अंतर्गत पड़रिया गांव में आरोपी की तलाश में गए पुलिस स्टाफ से आरोपी ने गाली गलौज करते हुए झूमा झपटी की है जानकारी के अनुसार गुरुवार को कोतवाली में पदस्थ उपनिरीक्षक बी एल बरकड़े ने शिकायत की कि सउनि अरूण पटेल, प्र.आर चन्द्रभान सिंह, दीपक पटेल को लेकर अप. क्र. 211/24 धारा 294,323,506 ताहि के आरोपी राजेन्द्र अहिरवार पिता सोनू अहिरवार निवासी ग्राम पडरिया की पता तलाश हेतु दिनांक 12/09/24 को प्रायवेट वाहन से रवाना हुये थे जो ग्राम पडरिया पहुच कर आरोपी राजेन्द्र अहिरवार की तलाश किये जो गांव में उपस्थित मिला जिसे अप. क्र. 211/24 धारा 294,323,506 ताहि के मामले में आरोपी का जुर्म जमानती होने से व सात वर्ष से कम की सजा का होने से मौके पर धारा 41 (क) जां. फौ. के नोटिस लेने बोला गया, आरोपी राजेन्द्र अहिरवार के द्वारा शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाते हुये मै नोटिस नहीं लेता कहते हुये आरोपी राजेन्द्र अहिरवार ने गाली देते हुए कहा मेरे घर के सामने से भाग जाओ कहते हुये गाली देने लगा, आस पास काफी लोगो की भीड लगी थी गाली सुनने में बुरी लग रही थी मौके पर पुलिस के द्वारा समझाने का प्रयास किया जा रहा था तब उसी समय शासकीय कार्य में बाधा डालते हुये और उत्तेजित होकर अभद्र व्यवहार करते हुये झुमा झपटी कर उपनिरीक्षक की वर्दी के बाये तरफ के स्टार लगे लुप्पी को फाड दिया और शर्ट के बटन तोड दिया है जिन्हे प्र. आर दीपक पटेल के द्वारा छुडाने का प्रयास किया जा रहा था तब प्र.आर दीपक पटेल के बाये हाथ के छिगुली के पास रिंगवाले अंगुली को राजेंद्र ने दांत से काट दिया है जिससे घाव बन कर अंगुली से खून निकलने लगा। तब सउनि अरूण पटैल एवं प्र.आर. चंद्रभान के द्वारा बीच बचाव किये तब भी राजेन्द्र अहिरवार मारने मरने को उतारू हो रहा था तब मोबाईल फोन से वरिष्ट अधिकारियो को व थाना प्रभारी को घटना के सम्बंध में बताया गया तब थाना से शासकीय वाहन क्र. एमपी.03 ए 3497 के प्रायवेट वाहन चालक प्रशांत आर्मी के सउनि० शेख सिराज, सउनि० राघवेन्द्र ठाकुर, प्र0आर0 राघवेन्द्र, आर0 विशाल पटेल के साथ थाना मोबाईल से ग्राम पडरिया पहुंचे जहा आरोपी राजेन्द्र अहिरवार उत्पात मचा रहा था और कोतवाली वाहन व स्टाप को देख कर और अधिक उत्तेजित होकर गाली देते हुए दौडकर थाने के शासकीय वाहन के बाये तरफ की खिडकी को तोड फोड कर भागने लगा व पुलिस स्टाप के साथ घेराबंदी कर पुलिस अपने अभिरक्षा में लेकर परिजनो को सूचना दी गई।आरोपी का कृत्य शासकीय कार्य में बाधा डालने से आरोपी के विरूध्द अपराध धारा 296, 115(2), 118(1), 221, 132, 121(1), 324(4), 351(3) कायम कर विवेचना में लिया गया।
