तेज आंधी के चलते गिरा पेड़, बजाग में शहडोल- रायपुर स्टेट हाइवे मार्ग हुआ बाधित..

अमित साहू
बजाग। मध्यप्रदेश के पूर्वी तट लगभग 15 दिनों से प्रकृति और मौसमी परिवर्तन के आगोश में है। कहने को तो अभी गर्मी का मौसम है पर लगातार बदलते मौसम और बरसात से लोगों का जन जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। भारत के पूर्वी तट पश्चिम बंगाल और उड़ीसा में आए तौकते तूफान की एक झलक पूर्वी मध्यप्रदेश के जिलों में भी देखने को मिल रही है।
आज आए तेज आंधी से पेड़ गिरने की खबर लगातार आस पास से आ रही है तथा तूफान से लोगों के घर के छज्जे भी उड़ते उखड़ते और टूटने की खबरें भी आ रही है। वहीं तहसील मुख्यालय बजाग में शहडोल- रायपुर स्टेट हाइवे पर पेड़ गिर जाने से मार्ग बाधित हो गया। इस तरह अनेक क्षेत्रों में पेड़ गिरने की खबरें आई। वहीं दूसरी ओर इस तरह के तूफान और बरसात मिट्टी के बर्तन बनाने वाले कुम्हारों और कलाकारों के माथे पर भी चिंता की साफ लकीरें देखी जा सकती है। कुम्हारों का जीवकोपार्जन की मुख्यधारा मिट्टी के बर्तन, और मटके, गमले आदि से जीवन चलाते हैं। पर 15 दिनों से बदले इस मौसम में बदलाव और बरसते पानी से उनका धंधा चौपट हो गया है। बजाग मुख्यालय में ही लगभग 30-40 घर इसी रोजगार के तहत चलते हैं जिनके रोजगार के अवसर अब निराशाजनक दौर में हैं। क्षेत्रों में लगातार बादल फटने और हवा चलने से टूटे पेड़ों के चलते दर्जनों गांवों में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई है।
