ग्रामीणों ने डिंडौरी महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष संतोषी साहू को सौंपा ज्ञापन, संतोषी ने अफसरों से बात कर निराकरण कराने का दिलाया भरोसा

ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों पर लगें साँठगाँठ के आरोप
डिंडौरी जिले के बजाग ब्लॉक की ग्राम पंचायत मझियाखार के ग्रामीणों को पहली बार सड़क की सुविधा मिल रही है, लेकिन ठेकेदार इसमें भी घटिया निर्माण कराने से बाज नहीं आ रहा और डामर की पतली परत बिछाकर सरकार की मोटी रकम अपनी जेब में डाल रहा है। स्थानीय नागरिकों ने परमार कंस्ट्रक्शंस से जुड़े ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। निर्माण स्थल पर काफी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने डिंडौरी महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष संतोषी रामजी साहू को गुरुवार को शिकायत पत्र सौंपा। संतोषी साहू ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि वह संबंधित अफसरों से बात कर मामले का समाधान निकालेंगी। महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने मौके पर जाकर सड़क की गुणवत्ता का अवलोकन भी किया। दरअसल, मझियाखार से लिखनी तक 03 किलोमीटर लंबी सड़क बनाई जा रही है। जो कि 24 घंटे में गिट्टी डाली गई बैस डाली और डामली कारण कर दिया गया । इसमें उपयोग की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता देखने के बाद नागरिकों में जबरदस्त नाराजगी और गुस्सा है। उनका कहना है कि गांव में आजादी के बाद बड़ी मुश्किलों से सड़क बन रही है… इस पर भी भ्रष्टाचार किया जा रहा है। इससे पहले भी कई शिकायतों के बावजूद प्रशासनिक स्तर पर सुनवाई नहीं होने पर ग्रामीणों ने मझियाखार से संगमटोला तक चंदा करके पुलिया बना डाली थी। दो-तीन महीने से ज्यादा नहीं टिक पाएगी सड़क
गांव के जागरूक नागरिकों ने कहा कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता देखकर आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह दो-तीन महीने से ज्यादा नहीं टिक पाएगी। पूर्व में गांव में सड़क न होने पर 108 सहित पुलिस वाहन और एम्बुलेंस नहीं आ पाती थी। बड़ी मुश्किल से निर्माण कार्य शुरू हुआ है, लेकिन स्तरहीन निर्माण के कारण ग्रामीणों में गुस्सा और नाराजगी व्याप्त है। गांव के युवाओं ने आरोप लगाया कि सड़क बनने के दौरा विभाग के अधिकारी तक काम देखने के लिए भटकते तक नहीं हैं। इसी बात का फायदा उठाकर ठेकेदार मनमाना काम करा रहा है। अगर प्रशासन ने ठेकेदार के रवैये पर ध्यान देकर निराकरण नहीं कराया तो ग्रामीण बड़े आंदोलन को अंजाम देंगे।

