पैरालेसिस के मरीज को परिजन हाथ ठेले पर ले गये घर, फोटो सोशल मीडिया में वायरल

शहपुरा कहने को तो शहपुरा में चार से पांच एंबुलेंस है जिससे मरीजो को घर से अस्पताल और अस्पताल से घर लाया ,ले जाया जाता है परन्तू गुरुवार के दिन ऐसा परिद्रश्य सामने आया जिसमें एक गरीब असहाय महिला जो कि अपने पति को लकवा की बीमारी होने के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य क्रेन्द्र शहपुरा में बुधवार के दिन भर्ती किया था जिसकी गंभीरता को देखते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य क्रेन्द्र शहपुरा के डाक्टरो ने एक दिन भर्ती कर दूसरे दिन मरीज को जबलपुर मेडिकल रिफर कर दिया था जिसके बाद मरीज की पत्नी एक हाथ ठेले में रख उसे धकेलते हुए अपने घर तक ले गई। इस हालात को देख किसी का भी दिल नही पसीजा की एंबूलेंस को फोन कर घर तक भिजवाया जाए इसी तरह सामुदायिक स्वास्थ्य क्रेन्द्र शहपुरा की भी लापरवाही सामने आई कि इतना स्टाप और कर्मचारी वहा पर पदस्थ है किसी भी कर्मचारी ने मरीज को ठेले पर ले जाते नहीं देखा होगा यह एक बडा सवाल है।
क्या है पूरा मामला
वार्ड क्रमाक 15 का रहवासी संतू पिता झडुआ बनवासी उम्र 45 शहपुरा पल्लेदारी का कार्य करता था और बुधवार के दिन भी अपनी दैनिक मजदूरी कर रहा था तभी सुबह दस बजे के आस पास लकवा का अटैक आया और उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य क्रेन्द्र शहपुरा में भर्ती करवाया गया जिसके बाद डाक्टरो ने उसे मेडिकल जबलपुर ले जाने के लिए रिफर कर दिया परन्तू गरीबी के कारण संतू की पत्नी ने उसे जबलपुर ले जाने के बजाए हाथ ठेले से अपने घर ले गई चूकि संतू का एक पुत्र है परन्तू वह कई सालो से भोपाल में रह रहा है व घर से दूर है और महिला गरीबी के कारण अपने पति को जबलपुर ले जाने में अक्षम है।