प्रशासन के आदेश को चुनौती:एसडीएम की कार्रवाई को ठेंगा दिखा ठेकेदार धड़ल्ले से करवा रहा काम

काशी अग्रवाल शहपुरा । प्रशासन की कार्रवाई के बाद भी यदि उसके आदेश का पालन न किया जाए तो यह तो दबंगई है, डिंडोरी जिला प्रशासन के सामने इसी तरह का एक वाकया पेश आया है जहां उसे अब ठेकेदार की चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। दो दिवस पूर्व ही जबलपुर मार्ग में स्थित क्रेशर एव वहां चल रहे निर्माण कार्य स्थल को एसडीएम शहपुरा ने नियम विरुद्ध पाते हुए सील कर दिया था साथ ही एक करोड़ बीस लाख से अधिक का जुर्माना प्रस्तावित कर कलेक्टर को भेजा था वही एसडीएम काजल जावला द्वारा की गई कार्यवाही के बाद उन्हें निर्माण कंपनी के एमडी से धमकी भी मिली थी जिसके बाद एसडीएम ने थाना शहपुरा में पत्र भेज शिकायत भी की थी वही पहले अवैध उत्खनन और एसडीएम की कार्यवाही के चलते धमकी देने के बाद ठेकेदार के हौसले इतने बुलंद हो गए है कि एसडीएम द्वारा सील किए गए क्षेत्र में सभी नियम कानून को दरकिनार करते हुए,प्रशासन की कार्यवाही को दरकिनार करते हुए ठेकेदार द्वारा खुलेआम सील क्षेत्र में कार्य करवाया जा रहा है जिससे जाहिर होता है कि वर्तमान में ठेकेदार पूरी तरह से निरकुंश हो चुका है।
कुल मिलाकर इसे दबंगई ही कहेंगे जहां स्थानीय प्रशासन के आदेशों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं यानी ठेकेदार की सेटिंग बड़े ऊंचे स्तर की होगी तभी जमीनी स्तर पर तैनात आईएएस अधिकारी को भी कुछ नहीं समझा जा रहा है, होना तो यह था की सील किए गए क्षेत्र पर गतिविधियां रोक दी जानी चाहिए थी पर एसडीएम की कार्रवाई को चुनौती देते हुए निर्माण एजेंसी ने आदेश की धज्जियां उड़ाई हैं।

इनका कहना है:सीलिंग की कार्यवाही के बाद भी यदि संबंधित के द्वारा सीलिंग कार्यवाही का उल्लघंन किया जा रहा है तो प्रतिवेदन बना अग्रिम कार्यवाही के लिए प्रतिवेदन कलेक्टर डिंडोरी को भेजा जावेगा। काजल जावला,एसडीएम शहपुरा
